मनेरी में पौराणिक देव मेला की धूम

जांच

संवादसहयोगी,उत्तरकाशी:मनेरीगांवमेंरविवारकोपहाड़कीसंस्कृतिकाअनूठासंगमदिखाईदिया।गांवकापंचायतचौकबुग्यालोंमेंखिलनेवालेरंग-बिरंगेफूलोंसेमहकरहाथाऔरग्रामीणढोल-दमाऊकीथापपरगांवकेआराध्यदेवी-देवताओंकीडोलीकेसाथरासौनृत्यमेंझूमतेदिखाईदिए।

थौलुकेतीनदिनपहलेगांवकेईष्टदेवतानेफुल्यारों(फूललानेवालेलोग)काचयनकरउन्हेंबुग्यालोंकीओरभेजा।रविवारकोप्रात:फुल्याररंग-बिरंगेफूललेकरगांवपहुंचे।यहांग्रामीणोंनेउनकाभव्यस्वागतकिया।इसकेबादगांवकेपंचायतचौकपरविधिवतपूजा-अर्चनाकेबादआराध्यनागदेवता,सोमेश्वरदेवता,मांराजराजेश्वरीकोफूलचढ़ाएगए।पूजा-अर्चनाकेबादपंचायतचौकपरगांवकीमहिलाओंनेदेवडोलीकेसाथरासौनृत्यकिया।इसबीचबाजगियोंकीओरसेसोमेश्वरदेवताकोप्रसन्नकरनेकेलिएदेवमंत्र(कफुआ)लगाया,जिसपरदेवतापश्वापरअवतरितहुआऔरपश्वा200मीटरदूरसेतेजधारवालेढांगरी(फर्शा)परचलकरग्रामीणोंकोसुफलदिया।इसमौकेपरग्रामप्रधानसंजीतारावतमहिलामंगलदलअध्यक्षकुसमादेवी,प्रेम¨सहरावत,धीरेंद्ररावत,प्रेम¨सहरावत,जय¨सह,शिव¨सह,रामचंद,संजयबिष्ट,प्रतापरावतआदिमौजूदथे।